कॉकरोच जनता पार्टी/जसराज बिश्नोई

1)
कहते हैं उनको “कॉकरोच”,
पर वो चुप रहने वाले नहीं,
जिनको तुमने छोटा समझा,
वो अब झुकने वाले नहीं।

नारे गूँजे हँसी के साथ,
सवाल चले सियासत पर वार,
“रोटी, नौकरी, सपने दो,
भाषण का बोझ न दो यार।”


2)
ये दौर अजीब कहानी है,
मीमों में भी क्रांति आनी है,
कल तक जो मज़ाक लगे थे,
आज वही जनता की जुबानी है।

कॉकरोच जनता पार्टी शायद,
सिर्फ़ एक ट्रेंड नहीं होगी,
अगर 'जसु' युवा सच में बोल पड़े,
आवाज़ सिंहासन हिलाने को होगी।

Post a Comment

0 Comments